मोदी सरकार ने अपनी तीसरी पारी के पहले ही कामकाजी दिन में गांवों और शहरों में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत तीन करोड़ नए घर बनाने का फैसला किया है। इनमें से दो करोड़ घर गांवों के लिए हैं और एक करोड़ शहरों के लिए।
पहली कैबिनेट बैठक लिया गया निर्णय
प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी की अध्यक्षता में सोमवार को तीसरे कार्यकाल की पहली कैबिनेट में प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत तीन करोड़ नए घरों के निर्माण के लिए सहायता देने का फैसला किया गया। सात, लोक कल्याण मार्ग पर स्थित प्रधानमंत्री के सरकारी आवास पर आयोजित बैठक में राजग के सभी सहयोगी दलों के मंत्री भी शामिल हुए। पीएम आवास योजना मोदी सरकार के सबसे प्रमुख कार्यक्रमों में से एक है।
अब तक कितने करोड़ घरों का हुआ आवंटन?
2015-16 में शुरू की गई इस योजना के तहत अब तक शहरों और गांवों में 4.21 करोड़ घर निर्मित और आवंटित किए जा चुके हैं। इन घरों की सबसे बड़ी विशेषता यह है कि इनमें सभी जरूरी बुनियादी सुविधाएं जैसे शौचालय, बिजली का कनेक्शन, नल से जल, एलपीजी कनेक्शन भी उपलब्ध कराया जाता है। ये सुविधाएं अन्य योजनाओं को पीएम आवास योजना से जोड़कर उपलब्ध कराई जाती हैं।
इस आधार पर लिया गया निर्णय
तीन करोड़ नए घरों के निर्माण का निर्णय गांवों और शहरों में पात्र परिवारों की बढ़ती संख्या को देखते हुए लिया गया। पहली ही बैठक में इस तरह का निर्णय लेकर प्रधानमंत्री ने यह स्पष्ट कर दिया कि तीसरी पारी में भी उनकी सरकार की दिशा क्या रहने वाली है। गौरतलब है कि इस वर्ष अंतरिम बजट पेश करते हुए वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण ने पीएम आवास योजना ग्रामीण के तहत अगले पांच वर्ष में दो करोड़ नए घरों के निर्माण का एलान किया था।
पहला काम, किसानों की सम्मान निधि की फाइल पर हस्ताक्षर
मोदी सरकार ने लगातार तीसरी बार कमान संभालने के बाद सोमवार को पहला निर्णय किसानों के पक्ष में लिया। शपथ ग्रहण के अगले ही दिन कार्यभार संभालने के तुरंत बाद किसानों के लिए प्रतिबद्धता दिखाते हुए प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि जारी करने से संबंधित फाइल पर हस्ताक्षर किए गए। योजना की यह 17वीं किस्त है और इसके तहत करीब 20 हजार करोड़ रुपये किसानों में वितरित किए जाएंगे। देश में लगभग 14 करोड़ किसान परिवार हैं। इस योजना से नौ करोड़ 30 लाख से अधिक किसान परिवार जुड़े हुए हैं।
फाइल पर हस्ताक्षर के बाद PM Modi ने क्या कहा?
संबंधित फाइल पर हस्ताक्षर के बाद प्रधानमंत्री ने कहा कि हमारी सरकार किसान कल्याण के लिए पूरी तरह प्रतिबद्ध है। इसलिए यह उचित है कि कार्यभार संभालने के बाद हस्ताक्षर की गई पहली फाइल किसान कल्याण से ही संबंधित है। हम आने वाले समय में किसानों तथा कृषि क्षेत्र के लिए और भी अधिक काम करना चाहते हैं।
प्रतिवर्ष दिए जाते हैं छह हजार रुपये
योजना के तहत देश के पात्र किसानों को तीन समान किस्तों में प्रतिवर्ष छह हजार रुपये दिए जाते हैं। अभी तक 16 किस्तों में तीन लाख करोड़ रुपये से अधिक राशि किसानों के खाते में सीधे हस्तांतरित की जा चुकी है। प्रधानमंत्री ने इसी वर्ष 28 फरवरी को महाराष्ट्र के यवतमाल से इसकी 16वीं किस्त जारी की थी।





